गैंगस्टर नीरज बवाना व्हाट्सअप से करता है अपने साथियों से संपर्क

पत्रिका ब्यूरो, नई दिल्ली। सोशल नेटवर्किंग साइट व्हाट्सएप के जरिए गैंगस्टर नीरज बवाना अपने साथियों के साथ संपर्क में रहता था। यह दावा दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने पटियाला हाउस कोर्ट के समक्ष किया है।
नीरज बवाना, पूर्व विधायक रामबीर शौकीन व आठ अन्य के खिलाफ दायर आरोप पत्र में पुलिस ने बताया है कि बवाना ने अपने इकबालिया बयान में बताया है कि उनका संगठन व्यवसायियों से फिरौती मांगने व अन्य अपराध में संलिप्त था। उसने बताया कि वह व्हाट्सएप व फोन के जरिए अपने साथियों से संपर्क में रहता था और अपना रैकेट चला रहा था। पुलिस ने बवाना के इस बयान की कॉपी भी अदालत में दायर की है।


बवाना ने यह भी बताया है कि वह और उसका मामा रामबीर शौकीन इस संगठित अपराध के सदस्य थे। इस समय शौकीन फरार है। उसने यह भी बताया कि वह अपने संगठन के लोगों के साथ वहाट्सएप से संपर्क में था। जिन्होंने अमित मलिक उर्फ भूरा को पिछले साल उत्तराखंड पुलिस की कस्टडी से निकाला था।
मलिक को 15 दिसंबर 2014 को उस समय पुलिस हिरासत से छुड़ा लिया गया था, जब उसे उत्तराखंड पुलिस बागपत,यूपी की एक अदालत में पेश करने ला रही थी। साथ ही पुलिसवालों से दो एके-47 व एक एसएलआर राइफल छीन ली थी। अपने आरोप पत्र में पुलिस ने बवाना व अन्य पर दिल्ली-एनसीआर में संगठित अपराध चलाने का आरोप लगाया है। सभी पर मकोका के तहत मामला बनाया गया है।

Comments are closed.