नीतीश फिर मुख्यमंत्री पद संभालें: मुलायम सिंह

पटना। बिहार के मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी पर मुख्यमंत्री पद छोड़ने और नीतीश कुमार पर यह पद फिर से संभालने के लिए दबाव बढ़ने के साथ ही ऐसी चर्चा है कि आगामी 20 फरवरी से शुरू होने वाले बिहार विधानमंडल के बजट सत्र से पहले प्रदेश के नेतृत्व में बदलाव हो सकता है। जदयू सूत्रों ने बताया कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष शरद यादव से कल रात्रि पटना के एक होटल में बंद कमरे में हुई करीब डेढ़ घंटे की बातचीत के बाद मांझी पर मुख्यमंत्री पद छोड़ कर नीतीश के लिए राह बनाने का दबाव बढा है। पिछले लोकसभा चुनाव में जदयू के प्रत्याशी रहे पार्टी सदस्यों की पटना में नीतीश के आवास पर कल आयोजित बैठक में गया संसदीय सीट से चुनाव लड़ने वाले मांझी अनुपस्थित थे। लेकिन रात को वह शरद से मिलने उस होटल में गए जहां जहां जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष ठहरे हुए थे। गया संसदीय सीट से पिछला लोकसभा चुनाव लड़ने वाले मांझी तीसरे स्थान पर रहे थे। जदयू सूत्रों ने बताया कि समाजवादी प्रमुख मुलायम सिंह यादव ने नीतीश से फोन कर उन्हें फिर से बिहार में मुख्यमंत्री पद संभालने को कहा ताकि इस वर्ष के अंत में होने वाले बिहार विधानसभा चुनाव में नरेंद्र मोदी के खिलाफ एकजुटता के लिए शक्ति हासिल की जा सके। यादव को पुराने जनता परिवार से अलग हुए घटक दल को एकजुट करने के लिए अधिकृत किया गया है। राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद ने भी संकेत दिए हैं कि जदयू में मुख्यमंत्री को लेकर लिए गए निर्णय से पुराने जनता परिवार के विलय की प्रक्रिया बाधित नहीं होगी। पार्टी सूत्रों के अनुसार, लालू प्रसाद ने कहा है कि वे किसी व्यक्ति विशेष का नहीं बल्कि बिहार में जदयू का समर्थन कर रहे हैं। आज सुबह शरद नीतीश के आवास पर आयोजित जदयू के अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ की बैठक में भाग लेने गए। जीतन राम मांझी को मुख्यमंत्री पद से हटाए जाने को लेकर पूछे गए एक प्रश्न पर जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष शरद यादव ने संवाददाताओं को बताया कि कल ही उन्होंने कहा था कि यह एजेंडा नहीं है। जीतन राम मांझी और नीतीश कुमार के समर्थकों के बीच जारी मतभेद के चरम पर पहुंचने के कारण अटकलें लगाई जा रही थीं कि कल संपन्न पार्टी की बैठक में मांझी को हटाए जाने और नीतीश के फिर से मुख्यमंत्री पद की कुर्सी संभालने को लेकर कोई निर्णय किया जा सकता है। इन अटकलों को बल मिलने की तात्कालिक वजह मांझी का बिहार के पथ निर्माण विभाग के सचिव का तबादला किए जाने के अपने निर्णय को सही ठहराते हुए गत दो फरवरी को दिया गया यह कथित बयान था कि वह इस विभाग के क्रियाकलापों से संतुष्ट नहीं हैं। इस घटना के बाद जदयू की कलह चरम पर पहुंच गई थी क्योंकि पथ निर्माण मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह नीतीश के विश्वस्त माने जाते हैं। मांझी ने स्वयं को मुख्यमंत्री पद से हटाए जाने को लेकर कल पूछे जाने पर कहा ‘‘ऐसी बातें कहां से आ रही है आप सभी इस बारे में जानते हैं।’’ एक कार्यक्रम के बाद कल जब संवाददाताओं ने उनसे पूछा कि कई नेता उन्हें मुख्यमंत्री पद से हटाए जाने की बात कर रहे हैं तो मांझी ने कहा ‘‘क्या नीतीश कुमार ने ऐसा कहा है ? मैं मुख्यमंत्री हूं और अपने दायित्व का निर्वहन कर रहा हूं।’’ बिहार में गरमाए राजनीतिक माहौल के बीच मुख्यमंत्री मांझी ने दिवंगत जगलाल चौधरी की जयंती के अवसर पर आज यहां आयोजित एक कार्यक्रम में भाग लिया और वे दोपहर को वह जहांनाबाद जिले के टेहटा में दिवंगत सुखदेव प्रसाद की जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में भाग लेने के लिए जाएंगे।


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