Sunday, May 19, 2024
Homeअन्यमेक इन इंडिया अभियान पर दिग्विजय का कटाक्ष

मेक इन इंडिया अभियान पर दिग्विजय का कटाक्ष

रांची। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने आज यहां आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का ‘मेक इन इंडिया’ का नारा वास्तव में सब कुछ कारपोरेट हाउसों के हाथों में लुटा देने से जुड़ा है और यही कारण है कि केन्द्र सरकार की नयी नीति कोयला खनन के क्षेत्र का निजीकरण है जिससे इस क्षेत्र से जुड़े मजदूरों का फिर से शोषण होना तय है। झारखंड विधानसभा चुनावों में प्रचार के लिए आज यहां पहुंचे मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने पत्रकार वार्ता में यह आरोप लगाया। दिग्विजय ने आशंका व्यक्त की कि कोयला खनन के क्षेत्र का निजीकरण करने से 1960 के दशक की पुनरावृत्ति हो सकती है जब खानें निजी हाथों में होती थीं और मजदूरों का जमकर शोषण होता था। उन्होंने कहा कि इसी शोषण से मजदूरों को निकालने के लिए खानों का पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने राष्ट्रीयकरण किया था। दिग्विजय सिंह ने कहा कि मोदी की ‘मेक इन इंडिया’ नीति कोयला क्षेत्र को निजी हाथों में सौंप देने से जुड़ी है जिससे गरीबों, मजदूरों और आदिवासियों का पहले की भांति भयानक शोषण होगा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की मनमोहन सिंह सरकार की कोयला नीति आम जनता को लाभ पहुंचाने की थी जबकि कारपोरेट घरानों के हाथ में कोयला क्षेत्र सौंप देने से आम ग्राहक के ऊपर भी भारी बोझ पड़ेगा। सिंह ने कहा कि झारखंड में कोयले की अपार खानें हैं और कांग्रेस चाहती है कि इनका उपयोग आम लोगों के विकास के लिए किया जाये। उन्होंने दावा किया कि अपने दस वर्षों के शासन में संप्रग ने देश को सूचना का अधिकार, शिक्षा का अधिकार, मनरेगा, भूमि अधिग्रहण अधिनियम और खाद्य सुरक्षा जैसे कानून दिये लेकिन नयी सरकार इनमें से अनेक कानूनों को बदलने और हल्का करने के प्रयास में जुटी हुई है।


RELATED ARTICLES

Most Popular

Recent Comments